Jamun Ko English Mein Kya Kehte Hain – जामुन को इंग्लिश में क्या कहते हैं?


जामुन एक ऐसा फल है जिसे हम सब ने अपने बचपन में गर्मियों के समय अवश्य ही खाया होगा| यह एक छोटा फल है जिसमें गहरे बैंगनी रंग का रंग काला होता है। इस बेरी का अन्दर का हिस्सा  गुलाबी सफेद होता है। जोकि खाने में स्वादिष्ट एवं मीठा होता है| इस पोस्ट में हम आपको बताएँगे जामुन कहाँ पाया जाता है व Jamun Ko English Mein Kya Kehte Hain? (जामुन को इंग्लिश में क्या कहते हैं)

मुख्यतः जामुन दक्षिण एशियाई देशों जैसे भारत, श्रीलंका और नेपाल में पाया जाता है। जामुन के फल में औषधीय गुण भी होते हैं जेसे इसका उपयोग पेट दर्द से राहत देने से लेकर मधुमेह के इलाज और कैंसर से बचाव में भी किया जाता है| साथ ही साथ जामुन का फल त्वचा के लिए भी काफी लाभ कारी है|

Jamun Ko English Mein Kya Kehte Hain

Jamun in English: जामुन को इंग्लिश में ब्लैक प्लम (Black Plum) कहा जाता है इसके अलवा भी इसके कई नाम हैं जेसे ब्लैकबेरी, ब्लैक प्लम, जंबुल, जंबोलन, जामली, जावा प्लम, जाम्बस, काला जामुन आदि।

औषधीय गुणों से भरपूर है जामुन

जामुन न केवल एक अच्छा स्वादिष्ट फल है अपितु इसमें आयरन, कैल्शियम, प्रोटीन, फायबर व कार्बोहाइड्रेट भी भरपूर मात्रा में आपको मिलते हैं। मजे की बात तो यह है कि इसका फल ही नहीं अपितु पेड़ की छाल, पत्तियां और यहाँ तक की इसकी गुठली भी बड़ी फायदेमंद है। हम आज जामुन के फायदे व औषधीय गुणों की चर्चा करेंगे।

इम्युनिटी सिस्टम को करता है मजबूत

जामुन में विटामिन सी होता है जो हमारी प्रतिरक्षा प्रणाली अर्थात इम्युनिटी सिस्टम के लिए काफी फायदेमंद है। विटामिन सी ही हमारे शरीर को वायरस, बैक्टीरिया आदि के सक्रमण से लड़ने की शक्ति देता है। इस कारण यह इम्युनिटी सिस्टम को मजबूत बनाने का काम करता है।

मधुमेह को रखता है नियंत्रित

जामुन डायबिटीज टाइप 2 के लोगों के लिए एक स्वस्थ नाश्ता है। इसमें ग्लाइसेमिक इंडेक्स कम होता है व साथ ही यह आपके ब्लड शुगर लेवल को नियंत्रित करने में सहायता करता है।

बवासीर में फायदेमंद

बवासीर एक ऐसी समस्या है जिसमें मल के साथ खून निकलता है और दर्द होता है। पाइल्स होने पर यदि आप जामुन के फूलों के 20ml रस में थोड़ी शक्कर मिलाकर दिन में 3 बार सेवन करें तो खून बहना बंद हो जायेगा। पाइल्स के रोगियों को इसके सेवन की सलाह दी जाती है।

गले के दर्द एवं मुँह के छालों का करे इलाज

जामुन की तासीर कसैली होती है। जामुन के फल का ऱस नियमित सेवन गले के दर्द एवं अन्य समस्याओं से निजात दिलाता है। इसके अलावा यदि आप जामुन के पत्तों के रास का कुल्ला करें तो इससे मुँह के छालों में आराम मिलता है।

पथरी से दिलाता है निजात

ऐसा कहा जाता है कि पके हुए जामुन खाने से पथरी गल कर निकल जाती है। इस प्रकार यह पथरी का इलाज करने में भी सहायक होता है।

ह्रदय रोग से दिलाता है निजाद

जामुन में बहुत से पोषक तत्व पाए जाते है वैसे ही इसमें एक तत्व पाया जाता है जिसका नाम है ट्राईटेपेनोइड्स जो कॉलेस्ट्रॉल को बढ़ने से रोकता है। इसीलिए यह उन लोगो के लिए फायदेमंद होता है जो ह्रदय रोगो से जूझ रहे है। यह मुख्य रूप से रक्त को वसा प्राप्त करने में बाधा उत्तपन करता है जिससे की केलेस्ट्रॉल नहीं बढ़ता है ।

पाचन में सुधार

जामुन में जीवाणुरोधी गुण होते है जो पाचन की क्रिया को मजबूत करते है साथ ही अल्सर और दस्त को भी ठीक करते है । यदि किसी को कब्ज की समस्या होती है तो यह उसमे भी काफी मदद करता है। इसीलिए पेट संबंधी रोगो से बचने के लिए जामुन का रस पीना चाहिए।

Disclaimer : यह लेख इंटरनेट पर मौजूद कई मेडिकल वेबसाइट्स पर मौजूद जानकारी के आधार पर लिखा गया है। इसमें शामिल प्रत्येक तथ्य व जानकारी केवल आपकी जागरूकता और जानकारी बढ़ाने हेतु प्रेषित किये गए हैं। इस विषय में अधिक जानकारी हेतु कृपया अपने चिकित्सक से परामर्श करें।

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